Breaking News
1696678143158

रफ्तार में थी ट्रेन और ट्रैक पर दिखी एक मासूम बच्ची, फिर…

लाइव खगड़िया : जाको राखे साइयां मार सके न कोय, बाल न बांका कर सके जो जग बैरी होय. यह दोहा बाल-बाल बची एक मासूम पर सटीक बैठा रहा है. मामला खगड़िया के पड़ोसी जिला बेगूसराय का है. जहां एक मासूम बच्ची को रेलवे पटरी पर देख ट्रेन के ड्राइवर ने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर उसे मौत के मुंह से सुरक्षित निकाल लिया. हलांकि ट्रेन अपनी रफ्तार में थी और अचानक बच्ची को ट्रैक पर देख पल भर में निर्णय लेना ट्रेन के चालाक के लिए आसान नहीं था. लेकिन चालक दल ने सही वक्त पर उचित निर्णय लिया और मानवता की एक मिसाल पेश कर दिया.

दरअसल शुक्रवार को ट्रेन नंबर 15204 लखनऊ-बरौनी एक्सप्रेस बछवाड़ा और तेघड़ा स्टेशनों के बीच से गुजर रही थी. इसी दौरान ट्रेन के चालक की नजर रेलवे ट्रैक पर खड़ी तीन साल की एक मासूम बच्ची पर पड़ गई. जिसके बाद ट्रेन के लोको पायलट आर एम पी यादव और सहायक लोको पायलट किशन कुमार ने तत्परता और सूझबूझ का परिचय देते हुए बछवाड़ा और तेघड़ा स्टेशन के बीच आइबीएच सिग्नल के पास (किमी-191/10) आपातकालीन ब्रेक लगा कर संभावित दुर्घटना को टाल दिया. फिर ट्रेन के लोको पायलट व सहायक लोको पायलट ट्रेन के इंजन से उतरकर बच्ची को रेलवे ट्रैक से अलग हटाया और मामले की सूचना आसपास खेत में काम कर रहे किसानों को दी. जिसके बाद स्थानीय लोगों की मदद से बच्ची को उसके परिजनों के हवाले किया गया. इस बीच ट्रेन करीब पांच मिनट तक वहां रुकने के बाद गंतव्य के लिए रवाना हुई.

इधर चालक दल के इस कार्य की रेलवे के उच्च अधिकारियों ने भी सराहना की है. सोनपुर मंडल के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा है कि चालक दल ने व्यावसायिकता के साथ यात्री कल्याण के प्रति रेलवे की प्रतिबद्धता को उजागर किया है.

Check Also

FB IMG 1781233586693

पटना से प्रशिक्षण लेकर लौट रहे मधेपुरा के 3 थानाध्यक्षों और चालक की सड़क हादसे में मौत

पटना से प्रशिक्षण लेकर लौट रहे मधेपुरा के 3 थानाध्यक्षों और चालक की सड़क हादसे में मौत

error: Content is protected !!