Breaking News
IMG 20220216 WA0293

अध्यात्मिक और सामाजिक परिवर्तन के संदेशवाहक थे संत रवि दास

लाइव खगड़िया : जिले के सदर प्रखंड के प्राथमिक विद्यालय, कमलपुर के प्रांगण में बुधवार को संत शिरोमणि रविदास की 645वीं जयंती समारोह मनायी गई. वहीं गाजे-बाजे के साथ उनकी भव्य शोभा यात्रा निकाली गयी. इस अवसर पर संत रविदास के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर नमन किया गया. समारोह की अध्यक्षता एसटी/एसटी कर्मचारी संघ के संरक्षक व जयंती आयोजन समिति के अध्यक्ष रामलखन प्रसाद पासवान एवं मंच संचालन शिक्षक मनोज कुमार ने किया.




इस अवसर पर संबोधित करते हुए वरीय कोषागार पदाधिकारी श्यामाकांत मेहरा व आरपीएफ इन्सपेक्टर अरविन्द कुमार राम ने कहा कि रवि दास के पवित्र मन और चरित्र रहने से ही उन्हें ईश्वर भक्ति प्राप्त हुई. साथ ही उन्होंने कहा कि समग्र समृद्ध बनने से ही सामाजिक भेदभाव मिट सकती है. वहीं समाजसेवी संदीप केडिया ने संत शिरोमणि रविदास जी महाराज को महान संत, दर्शनशास्त्री, कवि, समाज सुधारक और ईश्वर के अनन भक्त बताया. जबकि आचार्य राकेश पासवान शास्त्री ने कहा कि संत रविदास जी अध्यात्मिक और सामाजिक परिवर्तन के लिए सशक्त संदेशवाहक थे. जिन्होंने जीवन प्रयंत अपनी कविता, लेखनी तथा ईश्वरीय भक्ति के बल पर समरस समाज की स्थापना के लिए जन जन तक संदेश पहुंचाने का काम किया. साथ ही उन्होंने ऊंच-नीच, जात-धर्म जैसे संकीर्ण विचारों को त्याग कर राष्ट्र की समृद्धि के लिए राष्ट्रीयता की भावना जागृत करने का काम किया. वहीं रामलखन प्रसाद ने कहा कि संत रविदास जी ईश्वर की असीम भक्ति से भारतीय मानव समाज को धन्य कर दिया. उन्होंने मन चंगा तो कटौती में गंगा की विशेषता पर बल दिया था.

इस अवसर पर राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित प्रधानाध्यापक बालकिशोर पासवान ने संत रविदास जी के मन की पवित्रता और कर्म की प्रधानता जैसे विचार पर प्रकाश डाला. मौके पर आयुक्त वाणिज्यकर धर्मेन्द्र कुमार, प्रोफेसर संजय कुमार मांझी, जदयू नेत्री वीणा पासवान, उच्च माध्यमिक शिक्षक संघ बेगूसराय के जिला अध्यक्ष डा पुरातन गांधी, चन्द्र शेखर मंडल, पूर्व अंचलाधिकारी सत्यनारायण पासवान, शिक्षक शनातन पासवान, सुखनन्दन पासवान, शिक्षक सुमन कुमार, आजपा नेता उमेश ठाकुर ,सूरज दास, नवीन पासवान, पूर्व मुखिया शैलेन्द्र पासवान, दलित सेना के जिला अध्यक्ष बालकृष्ण पासवान, सुभाष जोषी, मोहम्मद रिजवान, राजेश सिन्हा, सूर्यवंश कुमार आदि उपस्थित थे. वहीं देर संध्या तक साधु संतों के द्वारा संत रविदास जी आधारित सत्संग व भजन भी प्रस्तुत किया गया.



Check Also

Poster 2026 03 01 033543

अब रेडियो पर नहीं सुनाई देगी प्रभात सुमन की आवाज, तीन दशकों का ‘आज’ का साथ बरकरार

अब रेडियो पर नहीं सुनाई देगी प्रभात सुमन की आवाज, तीन दशकों का 'आज' का साथ बरकरार

error: Content is protected !!