लाइव खगडिया (मुकेश कुमार मिश्र) : जल-जमाव, स्लुइस गेट एवं प्रमुख अवसंरचनात्मक परियोजनाओं का निरीक्षण जिला पदाधिकारी नवीन कुमार एवं उप विकास आयुक्त अभिषेक पलासिया के द्वारा किया गया. इस क्रम में सोनमंखी, सूरज नगर, परबत्ता–माधवपुर व गोगरी बाइपास तथा अगुआनी–सुल्तानगंज पुल एप्रोच मार्ग का निरीक्षण किया गया. बताया जाता है कि निरीक्षण का उद्देश्य बाढ़ नियंत्रण, जल प्रबंधन एवं सड़क परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा कर कार्यों में तेजी लाना था.
सोनमंखी स्थित स्लुइस गेट के पास उत्पन्न जल-जमाव की स्थिति का स्थलीय निरीक्षण कर जिला पदाधिकारी ने जमा तलछट (sediments) की तत्काल JCB से सफाई कर जल प्रवाह सुचारु करने का निर्देश दिया. इटवा स्लुइस गेट के निकट मूल नदी के वास्तविक प्रवाह को पुनर्स्थापित करने के लिए खगड़िया के राजस्व पदाधिकारी (RO), सदर अंचलाधिकारी (CO) को नदी के मूल मार्ग के पुनरुद्धार (rejuvenation) हेतु आवश्यक कार्रवाई प्रारंभ करने का निर्देश दिया. इस दौरान माधवपुर–परबत्ता एवं सूरज नगर में स्लुइस गेट निर्माण कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई. वहीं माधवपुर–परबत्ता स्लुइस गेट के विस्तृत प्रस्ताव (DPR) के लिए कार्यपालक अभियंता (पथ प्रमंडल), लघु सिंचाई पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता (फ्लड कंट्रोल डिवीजन) की संयुक्त टीम गठित कर शीघ्र प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश दिया गया.
गोगरी बाइपास एवं अगुआनी–सुल्तानगंज पुल एप्रोच रोड का निरीक्षण के दौरान गोगरी बाइपास की वर्तमान स्थिति का आंकलन किया गया तथा आवश्यक सुधार कार्य तुरंत शुरू करने को कहा गया. साथ ही अगुआनी–सुल्तानगंज पुल के खगड़िया जिला अंतर्गत निर्माणाधीन एप्रोच मार्ग की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि पुल को वर्ष 2027 तक जिलेवासियों को समर्पित करने हेतु सभी तैयारियां पूर्ण गति से चल रही है और इंजीनियर कैंप मोड में कार्य कर रहे हैं. वहीं कार्य में और तेजी लाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिया गया है.
मौके पर जिला पदाधिकारी ने कहा कि बाढ़–नियंत्रण एवं अवसंरचना से जुड़ी सभी परियोजनाएँ जनहित से सीधे संबद्ध है. ऐसे में सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से कार्य सम्पन्न करने का निर्देश दिया गया है.






