लाइव खगड़िया (मुकेश कुमार मिश्र): जिले के परबत्ता प्रखंड के लगार-उदयपुर गांव के बीच खेतों के आंचल में अब सूरज की किरणों से बिजली का उत्पादन शुरू हो गया है। प्रधानमंत्री कुसुम योजना (PM-KUSUM) के तहत करीब चार बीघे में तैयार 1 मेगावाट क्षमता का यह सोलर प्लांट इस क्षेत्र के लिए सौर ऊर्जा का एक नया पावर हब बनकर उभरा है। यह नॉर्थ बिहार का दूसरा और खगड़िया जिले का पहला 1 मेगावाट क्षमता का सोलर पावर प्लांट है।
परियोजना की मुख्य विशेषताएँ और आंकड़े
स्थान: टिमापुर लगार मौजा (जीएन बांध के सटे, लगार-उदयपुर गांव के बीच)
क्षमता: 1 मेगावाट
कुल सोलर पैनल: 1,725 पैनल
अनुमानित लागत: लगभग 4.5 करोड़ रुपये (सरकार द्वारा एक-तिहाई सब्सिडी का प्रावधान)
दैनिक उत्पादन: लगभग 5,000 यूनिट बिजली प्रतिदिन
संचालन एवं स्वामित्व: चंदा सिंह
निर्माण कार्य: दुर्गा एंटरप्राइजेज (प्रोपराइटर: अरुण कुमार सिंह)
पावर सब स्टेशन कर्णा से जुड़ा प्लांट
इस ग्रिड कनेक्टेड सोलर पीवी प्रोजेक्ट से उत्पादित होने वाली बिजली को सीधे विद्युत पावर सब स्टेशन करना से जोड़ दिया गया है। प्लांट से रोजाना करीब 5 हजार यूनिट बिजली का उत्पादन कर सीधे पावर सब स्टेशन को आपूर्ति की जाएगी, जिससे स्थानीय स्तर पर बिजली आपूर्ति व्यवस्था को मजबूती मिलेगी और ट्रिपिंग व लो-वोल्टेज की समस्या से राहत मिलेगी।
किसानों और कृषि क्षेत्र को मिलेगा सीधा लाभ
पीएम-कुसुम योजना के तहत इस परियोजना को ‘फीडर लेवल सोलराइजेशन’ के उद्देश्य से स्थापित किया गया है। इससे कृषि क्षेत्र में निर्बाध बिजली की उपलब्धता बढ़ेगी, पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों (कोयला आदि) पर निर्भरता कम होगी और क्षेत्र में हरित व स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा मिलेगा।
5 अगस्त को होगा विधिवत शुभारंभ
ऊर्जा विभाग के असिस्टेंट मैनेजर चंद्रशेखर वर्णवाल ने सोमवार को सोलर पावर प्लांट का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। विद्युत कार्यपालक अभियंता कुंदन कुमार ने बताया कि परियोजना का विधिवत शुभारंभ 5 अगस्त को किया जाएगा। इसके बाद प्लांट से उत्पादित बिजली को पूरी तरह से विद्युत आपूर्ति व्यवस्था का हिस्सा बना लिया जाएगा।
निरीक्षण के दौरान वरीय अधिवक्ता राकेश नारायण सिंह, जेई विजय कुमार, वरुण मिश्रा, सामंत मिश्र, उज्ज्वल किशोर, प्रेम चंद्र झा, दीपक कुमार सहित कई गणमान्य लोग एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।






