लाइव खगड़िया (मुकेश कुमार मिश्र) : जिले के परबत्ता प्रखंड सह अंचल कार्यालय में मंगलवार को दिनदहाड़े एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई। अपने कार्यालय कक्ष में सरकारी कार्यों का निष्पादन कर रहे अंचल अधिकारी (सीओ) हरिनाथ राम पर एक युवक ने अचानक जानलेवा हमला कर दिया। इस घटना से पूरे कार्यालय परिसर में मौजूद अधिकारियों, कर्मियों और आम लोगों के बीच अफरा-तफरी और हड़कंप मच गया।
बीच-बचाव में अंचल गार्ड भी जख्मी
मिली जानकारी के अनुसार, सीओ हरिनाथ राम अपने चेंबर में रोजमर्रा के सरकारी कार्यों को निपटा रहे थे। इसी दौरान सलारपुर निवासी अनोज (अनुज) सिंह अचानक उनके कक्ष में दाखिल हुआ और सीधे मारपीट करने लगा। सीओ की चीख-पुकार और शोर-शराबा सुनकर बगल के कमरों से कार्यालय कर्मी और सुरक्षाकर्मी तुरंत मौके पर दौड़े। कर्मियों ने किसी तरह बीच-बचाव कर स्थिति को नियंत्रित किया और सीओ को बचाया। इस हाथापाई के दौरान सीओ की सुरक्षा में तैनात अंचल गार्ड को भी चोटें आई हैं।
एक आरोपी दबोचा गया, तीन की तलाश जारी
प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) संतोष कुमार पंडित ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हमलावर युवक को मौके पर ही पकड़ लिया गया है। उन्होंने कहा:
“आरोपी के विरुद्ध आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है और विधिसम्मत प्रक्रिया पूरी कर उसे न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा। घटना के वक्त हमलावर के साथ तीन अन्य युवक भी मौजूद थे, जिनकी पहचान कर गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।”
पूरी वारदात अंचल कार्यालय में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरे में कैद हो गई है, जिसकी फुटेज पुलिस ने अपने कब्जे में ले ली है। घटना के बाद घायल सीओ हरिनाथ राम का इलाज स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में कराया गया।
गोगरी SDO पहुंचे मौके पर, सख्त कार्रवाई के निर्देश
घटना की सूचना मिलते ही गोगरी के एसडीओ (SDO) संजय कुमार तुरंत परबत्ता अंचल कार्यालय पहुंचे और मामले की विस्तृत जानकारी ली। एसडीओ ने सख्त लहजे में कहा कि ऑन-ड्यूटी सरकारी अधिकारी पर हमला एक गंभीर अपराध है। इसमें शामिल किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और सभी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
भूमि विवाद या मानसिक बीमारी? जांच में जुटी पुलिस
इधर, पकड़े गए आरोपी अनोज कुमार सिंह ने अपना पक्ष रखते हुए आरोप लगाया कि भूमि विवाद से जुड़े एक मामले में पूर्व और वर्तमान अंचल अधिकारियों द्वारा समाधान करने के बजाय उसे लंबे समय से परेशान किया जा रहा था, जिससे वह मानसिक अवसाद और आक्रोश में था।
मामले पर अन्य प्रतिक्रियाएं:
पवन कुमार चौधरी (पूर्व मुखिया): उन्होंने इस घटना को एक सोची-समझी साजिश बताते हुए कहा कि यह हमला पूरी तरह सुनियोजित लग रहा है। इसमें शामिल सभी चेहरों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।
जयप्रकाश यादव (जिला परिषद सदस्य): उन्होंने अलग दावा करते हुए कहा कि आरोपी अनोज सिंह की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है और वह मानसिक रूप से बीमार है।
फिलहाल पुलिस मामले की सभी पहलुओं (भूमि विवाद, मानसिक स्थिति और सुनियोजित साजिश) से गहराई से जांच कर रही है ताकि हमले के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सके।






