लाइव खगड़िया : राष्ट्रीय उच्च पथ (NH) पर लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए समाहरणालय के मुख्य सभाकक्ष में ‘संसद सदस्य सड़क सुरक्षा समिति’ की एक अति महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता सांसद सह-अध्यक्ष राजेश वर्मा, जिलाधिकारी (DM) नवीन कुमार और पुलिस अधीक्षक (SP) राकेश कुमार ने संयुक्त रूप से की। बैठक में जिले की सड़क सुरक्षा, यातायात प्रबंधन और परिवहन व्यवस्था को लेकर कई कड़े और आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
⚠️ ब्लैक स्पॉट की पहचान और साइनेज लगाने के निर्देश
बैठक में राष्ट्रीय उच्च पथों पर दुर्घटना संभावित क्षेत्रों की गहन समीक्षा की गई। इसके तहत प्रशासन ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) को निम्नलिखित निर्देश दिए:
नए ब्लैक स्पॉट की पहचान: दुर्घटनाओं को रोकने के लिए NHAI नए सिरे से संवेदनशील और दुर्घटना संभावित स्थलों (ब्लैक स्पॉट) को चिह्नित करे।
स्पष्ट साइनेज और संकेतक: जिन जगहों पर फोर-लेन सड़क अचानक टू-लेन में बदल जाती है, वहाँ बड़े और स्पष्ट साइनेज लगाए जाएं। साथ ही तीखे मोड़ों (Sharp Turns) पर चेतावनी संकेतक स्थापित किए जाएं।
गति नियंत्रण: गति सीमा पर नजर रखने के लिए स्पीड ट्रैकिंग सिस्टम, स्पीड ब्रेकर और स्ट्रीट लाइट जैसे सुरक्षा उपायों को दुरुस्त करने पर बल दिया गया।
🚫 नियमों के उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई
सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से बैठक में यातायात नियमों के कड़ाई से पालन पर जोर दिया गया:
ओवरलोडिंग पर लगाम: क्षमता से अधिक माल लादने वाले वाहनों (ओवरलोडिंग) पर सख्त नियंत्रण का निर्देश।
हेलमेट और सीट बेल्ट अनिवार्य: दुपहिया और चार पहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट और सीट बेल्ट का उपयोग अनिवार्य रूप से सुनिश्चित कराया जाएगा।
स्कूल वाहनों की जांच: स्कूली बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए विद्यालय वाहनों की नियमित और गहन जांच की जाएगी।
जागरूकता अभियान: परिवहन विभाग को निर्देश दिया गया है कि वे आमजन के बीच सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान को और अधिक प्रभावी ढंग से चलाएं।
बैठक में उपस्थिति
इस अहम बैठक में खगड़िया, परबत्ता और अलौली विधानसभा क्षेत्र के विधायकगण उपस्थित रहे। इसके अलावा परिवहन विभाग, पुलिस प्रशासन, पथ निर्माण विभाग, NHAI तथा अन्य संबंधित विभागों के आला अधिकारी भी मौजूद थे।
बैठक के अंत में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त रूप से कहा कि यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने और आमजन के जीवन की रक्षा के लिए नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।






