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परबत्ता

भूमि सर्वे के विरोध में 31 अगस्त को धरना – प्रदर्शन का निर्णय

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लाइव खगड़िया (मुकेश कुमार मिश्र) : बिहार सरकार द्वारा चलाए जा रहे भूमि सर्वे के विरोध में परबत्ता पंचायत भवन में नवोदित किसान संघ द्वारा एक बैठक का आयोजन किया गया. जिसमें परबत्ता विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न मुखिया व जागरूक किसानों ने भाग लिया. बैठक की अध्यक्षता मुखिया संघ के अध्यक्ष बालकृष्ण शर्मा ने किया.

नवोदित किसान संघ की बैठक में परबत्ता प्रखंड में भूमि सर्वे का कार्य आरंभ होने पर चर्चा हुई. वहीं बताया गया कि सरकार ने पूर्व में किसानों को आश्वासन दिया था कि राज्य सरकार अपने टोपो लैंड का पता लगायेगी. जिसके लिए एक व्यापक निति बनाई जायेगी. अंग्रेज के समय में 1890 से 1920 के बीच सूबे में बड़ी संख्या में जमीन असर्वेक्षित रह गयी थी. साथ ही नदियों के किनारे व बीच की जमीन का सर्वेक्षण नही हो पाया था. जो टोपो लैंड है और इसे सरकारी जमीन मानी जाती है. सूबे में ऐसी जमीन निजी हाथों में है और कई पर मकान तक बन गया है. जिसके स्वामित्व को लेकर अक्सर आपस में टकराव होता रहता है. इधर जिले के कई प्रखंडों में सर्वे का कार्य संपन्न हो गया है. लेकिन टोपो लैंड जमीन का सर्वे नही किया गया.

बताया जाता है कि परबत्ता प्रखंड क्षेत्र में लगभग 5400 सौ एकड़ जमीन टोपो लैंड की जमीन गैरमजरुआ आम, गैरमजरुआ खास, हिन्द केसरी, प्रतिकदीम है. इस अवसर पर कार्यक्रम का संचालन कर रहे नवोदित किसान संघ के सचिव रामानुज चौधरी ने कहा कि बर्ष 2013-14 से इन सभी जमीन की रसीद कटने पर सरकार के द्वारा रोक लगा दी गई है. जबकि पूर्व में जमीन की रसीद अंचल राजस्व कर्मचारी के द्वारा काटी जाती थी. ऐसे जमीन को पूर्वज के द्वारा खरीद-बिक्री भी का जाती थी. सर्वे आरंभ होने के बाद सर्वेक्षण पदाधिकारी के द्वारा वैसे किसानों से जब जमीन की अद्यतन रसीद मांगी जायेगी तो किसान अपने जमीन के स्वामित्व को लेकर क्या प्रस्तुत करेगा ? किसानों का कहना है कि सरकार हमारी जमीन को हरपना चाहती है. लेकिन किसान सरकार के इस इस मंसूबे को पूरा नही होने देगें. वहीं मुद्दे को लेकर 31 अगस्त को प्रखंड मुख्यालय परिसर में विरोध-प्रदर्शन करने का निर्णय लिया है.

बैठक में मुखिया राम विनय कुमार, आशुतोष सिंह, राजीव चौधरी, आलोक भारती, पिंकू कुमार, राजीव चौधरी, जिप सदस्य जयप्रकाश यादव, रजनीश चौधरी, राजेंद्र सिंह, मदन मोहन सिंह, सच्चिदानंद यादव, शंभू यादव, अरविंद यादव, मनोज कुमार, धीरेंद्र मोहन मिश्र, जितेंद्र कुमार, अनिल चौधरी, जितेंद्र चौरसिया, बंटू सिंह, शिव यादव, सुशील कुमार, आशिफ कुमार, अमन कुमार, असरफ आदि मौजूद थे.

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